Baba Ramdev -Yoga for Constipation & Piles(Kabz Aur Bavasir)

Incoming search terms:

30 Responses to Baba Ramdev -Yoga for Constipation & Piles(Kabz Aur Bavasir)

  1. समिता भाटिया says:

    अनियमित खान-पान के चलते लोगों में कब्ज एक आम बीमारी की तरह प्रचलित है। यह पाचन तन्त्र का प्रमुख विकार है। कब्ज सिर्फ भूख ही कम नहीं करती बल्कि गेस ,एसिडिटी व् शरीर में होने वाली अन्य कई समस्याएं पैदा कर सकती है| बच्चों से लेकर वृद्ध तक इस रोग से पीड़ित रहते हैं| ========= मनुष्यों मे मल निष्कासन की फ़्रिक्वेन्सी अलग-अलग पाई जाती है। किसी को दिन में एक बार मल विसर्जन होता है तो किसी को दिन में २-३ बार होता है। कुछ लोग हफ़्ते में २ य ३ बार मल विसर्जन करते हैं। ज्यादा कठोर,गाढा और सूखा मल जिसको बाहर धकेलने के लिये जोर लगाना पडे यह कब्ज रोग का प्रमुख लक्षण है।ऐसा मल हफ़्ते में ३ से कम दफ़ा आता है और यह इस रोग का दूसरा लक्षण है। कब्ज रोगियों में पेट फ़ूलने की शिकायत भी साथ में देखने को मिलती है। यह रोग किसी व्यक्ति को किसी भी आयु में हो सकता है हो सकता है लेकिन महिलाओं और बुजुर्गों में कब्ज रोग की प्राधानता पाई जाती है। मैं नीचे कुछ ऐसे कब्ज निवारक उपचारों का उल्लेख कर रहा हूं जिनके समुचित उपयोग से कब्ज का निवारण होता है और कब्ज से होने वाले रोगों से भी बचाव हो जाता है– १) कब्ज का मूल कारण शरीर मे तरल की कमी होना है। पानी की कमी से आंतों में मल सूख जाता है और मल निष्कासन में जोर लगाना पडता है। अत: कब्ज से परेशान रोगी को दिन मे २४ घंटे मे मौसम के मुताबिक ३ से ५ लिटर पानी पीने की आदत डालना चाहिये। इससे कब्ज रोग निवारण मे बहुत मदद मिलती है। २) भोजन में रेशे की मात्रा ज्यादा रखने से कब्ज निवारण होता है।हरी पत्तेदार सब्जियों और फ़लों में प्रचुर रेशा पाया जाता है। मेरा सुझाव है कि अपने भोजन मे करीब ७०० ग्राम हरी शाक या फ़ल या दोनो चीजे शामिल करें। ३) सूखा भोजन ना लें। अपने भोजन में तेल और घी की मात्रा का उचित स्तर बनाये रखें। चिकनाई वाले पदार्थ से दस्त साफ़ आती है। ४) पका हुआ बिल्व फ़ल कब्ज के लिये श्रेष्ठ औषधि है। इसे पानी में उबालें। फ़िर मसलकर रस निकालकर नित्य ७ दिन तक पियें। कज मिटेगी। ५) रात को सोते समय एक गिलास गरम दूध पियें। मल आंतों में चिपक रहा हो तो दूध में ३ -४ चम्मच केस्टर आईल (अरंडी तेल) मिलाकर पीना चाहिये। हमेशा कब्ज से पीड़ित लोगों के लिए बादाम का तेल बेहतर विकल्प है| इससे आंत की कार्य क्षमता बढ़ती है | रात को सोते वक्त गुन गुने दूध में बादाम का तेल ३ ग्राम मिलाकर सेवन करें|| तेल की मात्रा धीरे – धीरे बढ़ाक्र ६ ग्राम तक ले जाएँ| | ३०-४० दिन तक यह प्रयोग करने से वर्षों से चली आ रही कब्ज भी जड से खत्म हो जाती है| ६) इसबगोल की की भूसी कब्ज में परम हितकारी है। दूध या पानी के साथ २-३ चम्मच इसबगोल की भूसी रात को सोते वक्त लेना फ़ायदे मंद है। दस्त खुलासा होने लगता है।यह एक कुदरती रेशा है और आंतों की सक्रियता बढाता है। ७) नींबू कब्ज में गुण्कारी है। मामुली गरम जल में एक नींबू निचोडकर दिन में २-३बार पियें। जरूर लाभ होगा। नीम्‍बू का रस गर्म पानी के साथ रात्रि‍ में लेने से दस्‍त खुलकर आता हैं। नीम्‍बू का रस और शक्‍कर प्रत्‍येक 12 ग्राम एक गि‍लास पानी में मि‍लाकर रात को पीने से कुछ ही दि‍नों में पुरानी से पुरानी कब्‍ज दूर हो जाती है। ८) एक गिलास दूध में १-२ चाम्मच घी मिलाकर रात को सोते समय पीने से भी कब्ज रोग का समाधान होता है। ९) एक कप गरम जल मे १ चम्म्च शहद मिलाकर पीने से कब्ज मिटती है। यह मिश्रण दिन मे ३ बार पीना हितकर है। १०) जल्दी सुबह उठकर एक लिटर मामूली गरम पानी पीकर २-३ किलोमीटर घूमने जाएं। कब्ज का बेहतरीन उपचार है। ११) दो सेवफ़ल प्रतिदिन खाने से कब्ज में लाभ होता है। १२) अमरूद और पपीता ये दोनो फ़ल कब्ज रोगी के लिये अमॄत समान है। ये फ़ल दिन मे किसी भी समय खाये जा सकते हैं। इन फ़लों में पर्याप्त रेशा होता है और आंतों को शक्ति देते हैं। मल आसानी से विसर्जीत होता है। १३) अंगूर मे कब्ज निवारण के गुण हैं । सूखे अंगूर याने किश्मिश पानी में ३ घन्टे गलाकर खाने से आंतों को ताकत मिलती है और दस्त आसानी से आती है। जब तक बाजार मे अंगूर मिलें नियमित रूप से उपयोग करते रहें। १४) अलसी के बीज का मिक्सर में पावडर बनालें। एक गिलास पानी मे २० ग्राम के करीब यह पावडर डालें और ३-४ घन्टे तक गलने के बाद छानकर यह पानी पी जाएं। बेहद उपकारी ईलाज है। अलसी में प्रचुर ओमेगा फ़ेटी एसिड्स होते हैं जो कब्ज निवारण में महती भूमिका निभाते हैं। १५) पालक का रस या पालक कच्चा खाने से कब्ज नाश होता है। एक गिलास पालक का रस रोज पीना उत्तम है। पुरानी से पुरानी कब्ज भी इस सरल उपचार से मिट जाती है। १६) अंजीर कब्ज हरण फ़ल है। ३-४ अंजीर फ़ल रात भर पानी में गलावें। सुबह खाएं। आंतों को गतिमान कर कब्ज का निवारण होता है। १७) बड़ी मुनक्का पेट के लिए बहुत लाभप्रद होती है| मुनका में कब्ज नष्ट करने के तत्व हैं। ७ नग मुनक्का रोजाना रात को सोते वक्त लेने से कब्ज रोग का स्थाई समाधान हो जाता है। एक तरीका ये है कि मुनक्का को दूध में उबालें कि दूध आधा रह जाए | गुन गुना दूध सोने के आधे घंटे पाहिले सेवन करें | मुनक्का में पर्याप्त लोह तत्व होता है और दूध में आयरन नहीं होता है इसलिए दूध में मुनक्का डालकर पीया जाय तो आयरन की भी पूर्ती हो जाती है|

  2. Ray says:

    Wenn Sie an Verstopfung leiden: sollten Sie zwei bis vier Gläser lauwarmes Wasser trinken. Wenn die Symptome schon länger vorhanden sind, trinken Sie am bestens gleich nach dem Aufstehen viel Wasser. Generell sollten Sie täglich mindestens 10 Gläser Wasser trinken (lauwarm). Wasser ist der beste Flüssigkeitsspender, der Rückstände und angesammelte Gifte aus unserem Körper schwemmt. Andere Getränke wie etwa Fruchtsäfte oder kohlensäurehaltige Softdrinks enthalten viel Zucker und Zusatzstoffe, die zu Verstopfung führen können, deshalb sollten Sie diese vermeiden oder den Konsum zumindest einschränken.

  3. Jenelia says:

    Was tun, wenn es passiert ist? (Nach Arztberatung) Kommt es trotz aller Vorsichtsmaßnahmen doch zu einer Durchfallerkrankung, kann ein Hefepräparat auch noch hilfreich sein. Sie nehmen dann 3 x täglich 4 Kapseln Perenterol für ein oder zwei Tage, und anschließend 3 x täglich 2 Kapseln.(Nach Arztberatung) Vor allem sollten Sie aber darauf achten, dass der mit den Verstopfungen verbundene Flüssigkeitsverlust ausgeglichen wird. Enormer Wasser- und Salzverlust bei schweren Verstopfungen kann eine regelrechte Austrocknung des Körpers bewirken. Dies ist eine gefährliche Komplikation, besonders für Kinder. Es ist deshalb wichtig, ausreichend und speziell salz- und zuckerhaltige Getränke (z.B. gesüßte Tees, Fleischbrühe, stilles Mineralwasser) zu sich zu nehmen. Durch den fortgeschrittenen Mineralverlust kann sonst Schwindel oder ein Kreislaufkollaps auftreten (besonders bei Kleinkindern und Senioren). (Nach Arztberatung)

  4. Joe M says:

    Are there any legends or stories where they tell you how to defeat the baba yaga? I’ve looked everywhere and can’t find it.

  5. have faith says:

    At the beginning Baba Ramdev announced his fast unto death till the black – money is brought back in the country. Now a long list as the case of thousand rupee note, peasants-grievances etc are in demand. Will it not dilute the corruption of black-money? Ramdev is a Yogi but why and how he is coming by a Chattered plane to Delhi Air-Port? Does his movement not appear luxurious?

  6. kalakendram says:

    Nice explanation and reference to herbs thats worth a lot. I know Ayurveda Practitioners charge hundreds of dollars for this sort of advice and its so difficult to get the correct advice .

  7. samta80 says:

    really very helpful,it worked

  8. samta80 says:

    it is guava

  9. samta80 says:

    how can u talk such a shit about a person who is thinking only wellness of all people,ur comments shows what types of sanskars u have .

  10. vikasmehr says:

    Bottle guard

  11. jangi32 says:

    Hi, what he’s saying would be useful. Would it be possible for someone to add subtitles to such posts in the future? it would benefit a lot of us I feel. Thanks for posting these.

  12. LALU505 says:

    HINDUS ARE GREAT

  13. iamamoviefan says:

    Thank you so much for this..!

  14. MrSohailmahar says:

    Chal bay sala Gadha

  15. harrybawa007 says:

    how to download this video?

  16. digitman6969 says:

    Whats with the Nazi symbols?

  17. safinazahid1 says:

    baby ki apni toon daikho haaaaaaaaaaaaaaaahaaaaaaaaaaaaaaaaaaaa

  18. amoljayashri says:

    download youtube downloader and copy the link into it and just click ok.
    ie will start downloading

  19. shantanutiwari says:

    it is not a nazi symbol. It is swastika, symbol of peace and prosperity in hinduism.

  20. TheSnotrag2009 says:

    doe this really work? i will be chanting wen i goto the toilet now wen i constipated. actually i did tried ‘ommm -ing’ once and it must hve relaxed my butt muscles cuz the chocolate log came out

  21. TeamTopEnd says:

    the nazi simbol was origionally stolen from the chinese its the sign of happyness for you people who dont kno

  22. anuragchoubey says:

    @TeamTopEnd is dat a joke? its 6000 yr old hindu symbol at dat time chinese where living in caves, chinese came in indian contact only 7 and 8 th century wen medicine, martial arts and many other science and techniques where transferred

  23. thapa71 says:

    Thak you so much

  24. Darkersideofme101 says:

    urm he is talking english, im not sure :S

  25. Mullikaji1 says:

    and is clock wise unlike the Nazi symbol

  26. Mullikaji1 says:

    Sweet gourd

  27. musiqplus says:

    The swastika (from Sanskrit svástika ????????) is an equilateral cross with its arms bent at right angles, in either right-facing (?) form or its mirrored left-facing (?) form. Archaeological evidence of swastika-shaped ornaments dates from the Neolithic period. It occurs mainly in the modern day culture of India, sometimes as a geometrical motif and sometimes as a religious symbol. It remains widely used in Eastern religions such as Hinduism, Buddhism and Jainism.

  28. musiqplus says:

    The swastika (from Sanskrit svástika ????????) is an equilateral cross with its arms bent at right angles, in either right-facing (?) form or its mirrored left-facing (?) form. Archaeological evidence of swastika-shaped ornaments dates from the Neolithic period. It occurs mainly in the modern day? culture of India, sometimes as a geometrical motif and sometimes as a religious symbol. It remains widely used in Eastern religions such as Hinduism, Buddhism and Jainism.

  29. musiqplus says:

    The word swastika is derived from the Sanskrit word svastika (in Devanagari ????????), meaning any lucky or auspicious object, and in particular a mark made on persons and things to denote good luck. It is composed of su- meaning “good, well” and asti “to be” svasti thus means “well-being.” svastika might thus be translated literally as “that which is associated with well-being,” corresponding to “lucky charm” or “thing that is auspicious

  30. musiqplus says:

    The word swastika is derived from the Sanskrit word svastika (in Devanagari ????????), meaning any lucky or auspicious object, and in particular a mark made on persons and things to denote good luck. It is composed of su- meaning “good, well”? and asti “to be” svasti thus means “well-being.” svastika might thus be translated literally as “that which is associated with well-being,” corresponding to “lucky charm” or “thing that is auspicious

Leave response on the above Health guide